गर्व हैं हमें जेंडर मिथक तोड़ते हुए छोटे-छोटे ग्राम की बालिकाओं ने शिक्षा के क्षेत्र में अपना नाम रोशन किया- जिला पंचायत उपाध्यक्ष मंजू कटारे शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली बालिकाओं का हुआ सम्मान

गर्व हैं हमें जेंडर मिथक तोड़ते हुए छोटे-छोटे ग्राम की बालिकाओं ने शिक्षा के क्षेत्र में अपना नाम रोशन किया- जिला पंचायत उपाध्यक्ष मंजू कटारे

 

शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली बालिकाओं का हुआ सम्मान

 

 

 

भारत सरकार की महत्वाकांक्षी योजना बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के अंतर्गत शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली बालिकाओं को प्रोत्साहित करने हेतु दमोह जिले में सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम शासकीय उत्कृष्ट हायर सेकेंडरी शाला, दमोह में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित किया गया।

 

कार्यक्रम का आयोजन जिला पंचायत उपाध्यक्ष मंजू कटारे के आतिथ्य में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में शैक्षणिक सत्र 2024–25 में कक्षा 10वीं एवं 12वीं में प्रथम 10-10 स्थान प्राप्त करने वाली प्रतिभाशाली बालिकाओं को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया। इसके पश्चात विद्यालय की छात्राओं द्वारा सरस्वती वंदना एवं स्वागत गीत की मनोहारी प्रस्तुति दी गई।

 

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जिला पंचायत उपाध्यक्ष मंजू कटारे ने सभी बालिकाओं एवं उनके अभिभावकों को बधाई देते हुए कहा कि आज बेटियां जेंडर से जुड़े मिथकों को तोड़ते हुए छोटे-छोटे ग्रामों से निकलकर शिक्षा के क्षेत्र में सफलता के नए आयाम स्थापित कर रही हैं। उन्होंने कहा कि यदि बालिकाओं को समान अवसर प्रदान किए जाएं, तो वे हर क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकती हैं।

 

जनपद पंचायत अध्यक्ष प्रीति ठाकुर ने कहा बालिकाओं की समाज में बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डालते हुए टॉप-टेन में स्थान प्राप्त करने वाली बालिकाओं के माता-पिता की सराहना की।

 

डिप्टी कलेक्टर दमोह रंजना प्रजापति ने अपने जीवन संघर्षों को साझा करते हुए कहा कि आज बालिकाओं के लिए अवसरों की कोई कमी नहीं है। यदि बालिकाएं अपने लक्ष्य पर केंद्रित रहें, तो वे किसी भी क्षेत्र में सफलता प्राप्त कर सकती हैं और परिवार व जिले का नाम रोशन कर सकती हैं।

 

इस अवसर पर सहायक संचालक संजीव मिश्रा ने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए समाज में व्याप्त लैंगिक भेदभाव की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की और बताया कि निरंतर प्रयासों से अब परिस्थितियों में सकारात्मक परिवर्तन आ रहा है।

 

जिला शिक्षा अधिकारी एस.के. नेमा ने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग दमोह द्वारा बालिकाओं के हित में निरंतर किए जा रहे प्रयासों के कारण ही जिले की बालिकाएं शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट परिणाम दे रही हैं।

 

कार्यक्रम में कक्षा 10वीं की टॉप-टेन बालिकाओं द्वारा अपने अनुभव भी साझा किए गए। अंत में कक्षा 10वीं एवं 12वीं में प्रथम 10-10 स्थान प्राप्त करने वाली सभी बालिकाओं को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।

 

इस अवसर पर विद्यालय प्राचार्य रामप्रसाद पटेल ने सभी प्रतिभाशाली बालिकाओं को बधाई दी। कार्यक्रम का संचालन जिला समन्वयक वीरेंद्र जैन एवं परियोजना अधिकारी महिला एवं बाल विकास दमोह सुलेखा ठाकुर द्वारा आभार व्यक्त किया गया। इस अवसर पर श्रेयस रावत, लोकेश मिश्रा, वीरेंद्र सेन एवं महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम, छात्राएं मौजूद रही।

Related posts

Leave a Comment